चाणक्य नीति: इन  लोगों से तुरंत  दूर हो  जाये !  नहीं तो जिंदगी नर्क हो जाएगी

आत्ममुग्ध इंसान  आचार्य चाणक्य के अनुसार, आत्म-चेतन या मूर्ख की मदद करना अपने

ही पैर पर कुल्हाड़ी मारने जैसा है।  ऐसे लोग हमेशा आपको हराने की कोशिश करते हैं।  अगर आप इन लोगों का कुछ भला भी

कर लें तो भी ये लोग गर्व से जीते हैं और हर समय आपको नीची नजर से देखने का कोई मौका नहीं छोड़ते हैं।

इस लोगों से बनाएं सौ कदम की दूरी   आचार्य चाणक्य के अनुसार दुखी लोगों से हमेशा सौ कदम की दूरी बनाकर रखनी चाहिए।

ऐसे लोग दूसरों की खुशी से नफरत करते हैं और उनके लिए बुरी भावना भी रखते हैं।  इसलिए यदि आप ऐसे लोगों से दूरी

नहीं बनाए रखते हैं, तो आपका जीवन हमेशा नकारात्मक वातावरण में चला जाएगा, क्योंकि वे केवल दुखी होने का दिखावा करते हैं।

चरित्रहीन पत्नी  आचार्य चाणक्य की नीति कहती है कि यदि घर में कोई दुष्ट पत्नी हो तो आपका सुखी जीवन मृत्यु के समान लगने लगता है।

ऐसी स्त्री जिस घर में रहती है वह नर्क बन जाता है।  ऐसे घर में हमेशा कलह, झगड़ा रहता है, जिससे व्यक्ति का जीवन बर्बाद हो जाता है।